रीवा के चाकघाट में डायल-112 और पिकअप चालकों के बीच विवाद का वीडियो वायरल। पैसे मांगने के आरोपों की पुलिस जांच कर रही है।

रीवा। चाकघाट क्षेत्र में नेशनल हाईवे-30 पर डायल-112 के स्टाफ और पिकअप वाहन चालकों के बीच विवाद का वीडियो सोशल मीडिया पर सामने आया है। वीडियो में दोनों पक्ष सड़क पर एक-दूसरे से धक्का-मुक्की करते नजर आ रहे हैं। विवाद की शुरुआत पिकअप वाहन को रोकने और चालक से पैसे मांगने के आरोप को लेकर बताई जा रही है। हालांकि, पुलिस ने अभी इन आरोपों की पुष्टि नहीं की है और अधिकारियों का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही पूरे मामले की असलियत सामने आएगी।
जानकारी के मुताबिक, यूपी की तरफ से मध्यप्रदेश की ओर आ रहे पिकअप वाहन क्रमांक **MP-15-ZL-5140** को डायल-112 वाहन ने पीछा करने के बाद चाकघाट क्षेत्र के बघेड़ी के पास रोक लिया। पिकअप में भैंसें लदी हुई थीं। वाहन चालकों का आरोप है कि गाड़ी रोकने के बाद उनसे पैसे की मांग की गई। इसी बात को लेकर डायल-112 के स्टाफ और पिकअप चालक के बीच कहासुनी शुरू हो गई।
बताया जा रहा है कि बातचीत के दौरान मामला धीरे-धीरे गरमा गया। इसके बाद दोनों पक्ष सड़क पर आमने-सामने आ गए और धक्का-मुक्की शुरू हो गई। सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे वीडियो में डायल-112 के चालक और मौके पर मौजूद स्टाफ के साथ पिकअप वाहन चालकों के बीच काफी देर तक विवाद होता दिखाई दे रहा है। मौके का माहौल ऐसा रहा कि कुछ देर के लिए सड़क पर आने-जाने वाले लोगों की नजर भी इस विवाद पर टिक गई।
विवाद के दौरान पिकअप वाहन चालकों की ओर से सड़क पर चक्काजाम करने की कोशिश किए जाने की बात भी सामने आई है। मामला बढ़ता देख डायल-112 का वाहन वहां से रवाना हो गया। सामने आए वीडियो को सोमवार सुबह करीब 11:50 बजे का बताया जा रहा है। हालांकि, वीडियो के समय और घटनाक्रम से जुड़े अन्य तथ्यों की पुलिस स्तर पर जांच की जा रही है।
मामला सामने आने के बाद पिकअप में ले जाई जा रही भैंसों के परिवहन को लेकर भी सवाल उठने लगे हैं। स्थानीय लोगों की मांग है कि यूपी से मध्यप्रदेश की ओर पशुओं को ले जाने के लिए जरूरी दस्तावेज, परिवहन की अनुमति और पशुओं को ले जाने के उद्देश्य की जांच की जाए। लोगों का कहना है कि यदि परिवहन नियमों का पालन हुआ है तो स्थिति साफ होनी चाहिए और अगर नियमों का उल्लंघन हुआ है तो उसके आधार पर कार्रवाई की जानी चाहिए।
दूसरी तरफ पिकअप वाहन चालकों की ओर से डायल-112 के स्टाफ पर पैसे मांगने के आरोप लगाए गए हैं। इन आरोपों की भी निष्पक्ष जांच की मांग की जा रही है। फिलहाल यह साफ नहीं है कि वाहन को किस आधार पर रोका गया था और पैसे मांगने की बात में कितनी सच्चाई है। पुलिस जांच के बाद ही यह तस्वीर साफ हो पाएगी कि विवाद की शुरुआत आखिर किस बात को लेकर हुई।
मामले को लेकर एडिशनल एसपी संदीप मिश्रा ने बताया कि पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। सामने आए वीडियो और मामले से जुड़े तथ्यों को देखा जा रहा है। जांच के बाद ही स्थिति पूरी तरह स्पष्ट होगी और तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
फिलहाल सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो में डायल-112 के स्टाफ और पिकअप चालकों के बीच धक्का-मुक्की साफ दिखाई दे रही है, लेकिन वीडियो के आधार पर पैसे मांगने या अवैध वसूली के आरोपों की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि पिकअप को रोकने की वजह क्या थी, दोनों पक्षों के बीच विवाद कैसे शुरू हुआ और पशुओं के परिवहन से जुड़े नियमों का पालन किया गया था या नहीं।